ईपीएफ के भुगतान में विवाद भी होगा खत्म मिशन 2025 तैयारअशोक सोनीजरवल/बहराइच।
आउटसोर्सिंग पर सरकार अब पूरी तरह मेहरबान हो गई है। इन कर्मचारियों के लिए एक खुशी की खबर सामने आई है।
बताते चलें आउटसोर्स सेवा निगम (यूपीसीओएस)पर सरकार के मंथन का दौर भी खत्म हो चुका है। जिसके तहत आउटसोर्स कर्मियों को स्वास्थ्य सुविधा मोहैया होगी ही साथ ही निगम में बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स के अध्यक्ष मुख्य सचिव होंगे।जिन्हे चार श्रेणियों में बांटने का भी प्रावधान रखा गया है। जिन्हे अधिकतम 25 हजार और न्यूनतम 15 हजार रुपये दिए जाएंगे।आउटसोर्स कार्मिकों की भर्ती प्रक्रिया शुरू होने से उनके ईएसआई और ईपीएफ भुगतान संबंधी विवाद भी खत्म हो जाएंगे। बताते चले एजेंसियों की ओर से भुगतान में हेरफेर करने, एजेंसी बदलने पर ईएसआई, ईपीएफ व जीएसटी की राशि डकारने की शिकायतें मिलती रही हैं।आउटसोर्स कर्मियों को इससे बचाने के लिए सरकार ने अब ठोस कदम भी उठा लिया है।जिसमे कार्मिकों के हितों को ध्यान में रखकर कई नए प्रावधान किए गए हैं। साथ ही कार्मिकों के चयन के लिए पोर्टल भी बनेगा। साथ ही कार्मिक को माह की एक तारीख को वेतन भुगतान भी सुनिश्चित कराया जाएगा।साथ ही
निगम में चार श्रेणियों में 15 से 25 हजार तक के मानदेय पर सुविधा भी मिलेगी।
बॉक्सये मिलेगी स्वास्थ्य सुविधा
जरवल। ईएसआई के अनुसार महिला कार्मिकों को छह माह का पेड मैटरनिटी लीव (दो डिलीवरी पर),गर्भपात पर 42 दिन का पेड लीव,अस्वस्थ होने पर 91 दिन तक 70 फीसदी पेड,औऱ असाध्य रोग पर 124 से 309 दिनों तक 80 फीसदी पेड लीव और विशेष परिस्थितियों में 730 दिनों तक अवकाश की व्यवस्था की गई है।
बॉक्सईपीएफ के साथ पेंशन भी ! जरवल। आउटसोर्स कार्मिकों को ईपीएफ के सभी लाभ मिलेंगे। इसके तहत दुर्घटना में मृत्यु होने पर परिवार को ढाई लाख से सात लाख तक की आर्थिक मदद और 60 वर्ष की उम्र होने पर एक हजार से 75 हजार तक पेंशन, विधवा को एक हजार से 2900 रुपया पेंशन,अविवाहित कार्मिक की मृत्यु पर माता पिता को आजीवन एक हजार से 2900 रुपये पेंशन दी जाएगी। किसी कार्मिक की मृत्यु होने पर अंतिम संस्कार के लिए परिवार को 15 हजार रुपये दिए जाएंगे।
बॉक्ससरकार देगी ये सुविधाएं
जरवल।कार्मिक की सामान्य मृत्यु पर दो लाख,दुर्घटना से मृत्यु पर पांच लाख और जिस बैंक में खाता रहेगा उससे 30 लाख लाख रुपये कार्मिक के परिवार को मिलेंगे। इसके लिए कार्मिकों से कोई प्रीमियम नहीं लिया जाएगा।