( रईस खान)
मिहींपुरवा/बहराइच l लगभग 20 वर्षों से वनटांगिया को राजस्व ग्राम का दर्जा दिलाने के लिए आंदोलन कर रहे, महबूबनगर के ग्रामीणों ने चुनाव आचार संहिता से पूर्व आंदोलन किया था कि जब तक हमारा गांव राजस्व गांव नहीं हो जाता हम मतदान नहीं करेंगे l मालूम हो कि महबूबनगर वन टांगिया था l इसे राजस्व गांव का दर्जा नहीं मिल रहा था, जिसकी वजह से इस गांव में कोई भी विकास कार्य नहीं हो रहे थे, इसकी वजह से ग्राम वासियों को काफी परेशानियां उठानी पा रही थी l परिवार रजिस्टर की नकल नहीं, आवास नहीं पानी नहीं, सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा था l इसी कारण से ग्राम वासियों ने आंदोलन चला रखा था की पहले राजस्व गांव का दर्जा फिर मतदान उत्तर प्रदेश सरकार को संज्ञान दिलाने के लिए अक्टूबर 23 में जिलाधिकारी बहराइच मोनिका रानी ने उत्तर प्रदेश सरकार में इसका पत्राचार किया था जिसके तहत कल 15 मार्च को मुख्यमंत्री के द्वारा इसे वन टांगिया से राजस्व ग्राम का दर्जा दे दिया गया है, जिसकी सूचना लखनऊ से ही इस आंदोलन से जुड़े जंग हिंदुस्तानी ने दी है तथा उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का बहुत-बहुत धन्यवाद तथा इस कार्य को कराने के लिए जिलाधिकारी बहराइच उप जिलाधिकारी मिहीपुरवा तथा समस्त मीडिया बंधु एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा इस कार्य पूर्ण करने में सहयोग किया है l इसके लिए बहुत-बहुत धन्यवाद। महबूबनगर को राजस्व गांव का दर्जा मिलने पर उप जिलाधिकारी मिहीपुरवा संजय कुमार ने बताया कि शासन में लगातार जिलाधिकारी बहराइच के द्वारा पैरवी की जा रही थी l इस दौरान कल नायब तहसीलदार अर्सलन राशिद ने शासन पर पहुंचकर पैरवी की थी l इस दौरान मुख्यमंत्री द्वारा चुनाव आचार संहिता लगने से पूर्व ही वन टांगिया से राजस्व ग्राम का दर्जा दे दिया गया है, वही अंबा न्याय पंचायत में नेटवर्क की प्रॉब्लम होने की वजह से लोग लोकसभा चुनाव का बहिष्कार कर रहे थे l इसका जिला अधिकारी बहराइच ने शासन स्तर पर पैरवी कर दूरसंचार विभाग से संपर्क कर बीएसएनएल के नेटवर्क की व्यवस्था सुचारू रूप से चालू कर दी है l इससे ग्राम वासियों को अब काफी राहत मिलेगी। परंतु ग्राम वासियों ने बताया कि बीएसएनएल का नेटवर्क बहुत धीमि गति है इससे कार्य नहीं हो पा रहा है, प्राइवेट मोबाइल नेटवर्क की मांग है ।